लखनऊ/आई संवाद/ बीजेपी नेता अपर्णा यादव और यूपी के पूर्व सीएम अखिलेश यादव के सौतेले भाई प्रतीक यादव की रहस्यमयी मौत का राज गहरा गया है। उनका 13 मई बुधवार को आकस्मिक निधन हो गया। सिविल अस्पताल में उन्हें अचेत अवस्था में लाया गया था। साथ में दोस्त और परिवार के लोग थे। जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। वहीं पीएम रिपोर्ट में उनकी मौत का खुलासा हुआ है।
कुछ दिन पहले हुआ था अकाउंट हैक
बीत कुछ महीनों पहले प्रतीक यादव और पत्नी अपर्णा यादव के बीच तलाक की खबरें वायरल हुई थी। प्रतीक के इंस्टाग्राम अकाउंट से एक पोस्ट शेयर की गई थी, जिसमें अपर्णा पर कई आरोप लगाए गए थे, हालांकि बाद में प्रतीक ने अपना अकाउंट हैक होने की बात कही थी, और अपर्णा के साथ एक फोटो भी शेयर किया था।
सीएम योगी ने जताया दुख, अपर्णा थी बाहर
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सपा के संस्थापक मुलायम सिंह यादव के बेटे और भाजपा नेता अपर्णा यादव के पति प्रतीक यादव ने निधन पर दुख जताया है। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी ने भी सपा प्रमुख अखिलेश यादव के भाई प्रतीक यादव के निधन पर दुख जताया है। हालांकि प्रदेश से बाहर गई अपर्णा वापस अपने घर गई, जिसके बाद प्रतीक यादव के शव को उनके निवास पर लाया गया। इस बीच सपा प्रमुख अखिलेश यादव पोस्टमार्टम हाउस पहुंचे।
फेफड़ों में खून का थक्का जमने से मौत
प्रतीक यादव की पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत की वजह हृदय गति रुकने के कारण बताई गई है, रिपोर्ट के मुताबिक, यह स्थिति मैसिव पल्मोनरी थ्रोम्बोएम्बोलिज्म यानी फेफड़ों की नस में बड़े पैमाने पर खून का थक्का जमने के कारण हुई, हालांकि उनके शरीर पर कई चोट के निशान बताए गए हैं, जो कि पुरानी चोटें बताई जा रही हैं। हृदय गति रुकने से मौत कि पुष्टि हुई है, बीमारी की वजह से उनके बाएं पैर के अंगूठे का नाखून नीला था।
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